भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ा स्वच्छ भारत अभियान, दूसरे मदों में खर्च हुई राशि, बिना GST के लाखों के फर्जी बिल जारी
मोहला – ग्रामीण क्षेत्रों को स्वच्छ और सुंदर बनाने के उद्देश्य से शुरू किया गया ‘स्वच्छ भारत अभियान’ अब भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ता नजर आ रहा है। हाल ही में सामने आए एक मामले ने प्रशासनिक अमले में हड़कंप मचा दिया है। सरकारी फंड का दुरुपयोग करते हुए नियमों की धज्जियां उड़ाई गई हैं। मामला भोजटोला पंचायत का है जहां पर शौचालय निर्माण और स्वच्छता कार्यों के लिए आवंटित की गई लाखों रुपये की राशि का जमकर बंदरबांट किया गया। जिस पैसे को गांवों की स्वच्छता पर खर्च होना था, उसे नियमों के विरुद्ध जाकर दूसरे मदो में खर्च कर दिया गया है।
रोजगार सहायक के नाम पर खेल
सबसे चौंकाने वाला खुलासा यह हुआ है कि पंचायत के रोजगार सहायक के नाम पर ही लाखों रुपये के फर्जी बिल काट दिए गए। वेंडर या अधिकृत सप्लायर के बजाय खुद रोजगार सहायक को लाभ पहुंचाने का यह बड़ा खेल सामने आया है।
बिना GST के फर्जी बिलों का अंबार
वित्तीय नियमों को ताक पर रखकर बिना GST नंबर वाले फर्जी और कच्चे बिलों के सहारे सरकारी खजाने से लाखों रुपये आहरित कर लिए गए। इससे न सिर्फ योजना में घोटाला हुआ, बल्कि सरकार को भी राजस्व का भारी नुकसान पहुंचाया गया।
